तुर्कमान गेट में पत्थरबाजी के बाद जुमे की नमाज पर सस्पेंस, पुलिस के फैसले का इंतजार

राजधानी दिल्ली के तुर्कमान गेट इलाके में अतिक्रमण हटाने के दौरान हुई पत्थरबाजी की घटना के बाद पूरे क्षेत्र में तनावपूर्ण हालात बने हुए हैं। पुलिस की कार्रवाई के विरोध में अराजक तत्वों ने पुलिस टीम पर पथराव किया जिसके बाद स्थिति बेकाबू हो गई। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए कई लोगों को गिरफ्तार किया है। घटना के बाद से इलाके में अघोषित कर्फ्यू जैसा माहौल है। तमाम दुकानें बंद हैं और लोग अपने घरों में रहने को मजबूर हैं। सड़कों पर सन्नाटा पसरा हुआ है और हर तरफ पुलिस और पैरामिलिट्री फोर्स की तैनाती नजर आ रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि डर और अनिश्चितता के कारण सामान्य जनजीवन पूरी तरह ठप हो गया है।
जुमे की नमाज को लेकर असमंजस और चिंता
पत्थरबाजी की घटना के बाद अब शुक्रवार को होने वाली जुमे की नमाज को लेकर भी असमंजस की स्थिति बनी हुई है। तुर्कमान गेट स्थित फैज ए इलाही मस्जिद में आमतौर पर दोपहर 2.30 बजे नमाज अदा की जाती है लेकिन मौजूदा हालात को देखते हुए यह तय नहीं है कि नमाज होगी या नहीं। मस्जिद कमेटी के लोगों का कहना है कि पुलिस प्रशासन ने अब तक उनसे कोई संपर्क नहीं किया है। अगर पुलिस अनुमति देती है तो नमाज पढ़ी जाएगी और अगर इजाजत नहीं मिली तो कोई भी मस्जिद में नमाज के लिए नहीं जाएगा। ऐसे में लोग आसपास की दूसरी बड़ी मस्जिदों में जाकर नमाज अदा कर सकते हैं। कमेटी का कहना है कि हालात बिगाड़ने वाले लोगों को सख्त सजा मिलनी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों।

स्थानीय पुलिस की तैनाती की मांग
इलाके के लोगों और मस्जिद कमेटी ने प्रशासन से अपील की है कि पैरामिलिट्री फोर्स की जगह स्थानीय पुलिस को तैनात किया जाए। उनका कहना है कि लोकल पुलिस इलाके के लोगों को बेहतर तरीके से जानती और पहचानती है जिससे हालात संभालने में आसानी होगी। स्थानीय लोगों का मानना है कि बाहरी फोर्स की मौजूदगी से डर और तनाव का माहौल और बढ़ जाता है। वे चाहते हैं कि प्रशासन संवाद के जरिए स्थिति को सामान्य करे। लोगों का कहना है कि किसी भी समुदाय के निर्दोष लोगों को परेशान नहीं किया जाना चाहिए और कानून के दायरे में रहकर कार्रवाई होनी चाहिए। इलाके में रहने वाले परिवार खासकर महिलाएं और बुजुर्ग खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।
बुलडोजर कार्रवाई के दौरान कैसे भड़का बवाल
पुलिस के अनुसार मंगलवार और बुधवार की दरमियानी रात करीब 12 बजे तुर्कमान गेट इलाके में पुलिस बल की तैनाती की गई थी। करीब साढ़े 12 बजे मौके पर 32 बुलडोजर, 50 डंपर और 200 से ज्यादा मजदूर पहुंचे। रात 1 बजे अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू होनी थी लेकिन इससे पहले ही बड़ी संख्या में लोग वहां इकट्ठा होने लगे। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने करीब सवा 1 बजे लोगों को हटाने की कोशिश शुरू की। इसी दौरान रात 1 बजकर 23 मिनट पर अचानक पुलिस पर पत्थरबाजी शुरू हो गई। करीब 10 मिनट तक इलाके में भारी बवाल हुआ। हालात काबू से बाहर होते देख पुलिस ने भीड़ और उपद्रवियों को खदेड़ना शुरू किया और आंसू गैस के गोले छोड़े गए। फिलहाल पुलिस हालात पर नजर बनाए हुए है और शांति बनाए रखने की अपील कर रही है।